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अनुपम खेर ने खोला ‘हमको चाहिए आजादी’ के नारों का राज, VIDEO देख लोग भी हैरान

अनुपम खेर ने देश में लग रहे ‘आजादी’ के नारों पर कड़ी प्रकिया जताते हुए एक वीडियो शेयर किया है, इस वीडियो में उन्होंने ‘आजादी’ कुछ सवाल उठाए हैं. आपको बता दें कि इस वीडियो में अनुपम कहते दिख रहे हैं कि दोस्तों, मुझे एक बात समझ नहीं आ रही जो लोग आजादी आजादी के नारे लगाते हैं, वो क्या कहना चाहते हैं, क्योंकि देश तो 15 अगस्त 1947 को आजाद हो गया था. उसके लिए हमारे पूर्वजों ने बहुत संघर्ष किया है. मनुवाद से आजादी, भूखमरी से आजादी, जातिपाति से आजादी चाहिए तो इसके लिए काम करना पड़ेगा. बहुत से लोगों ने काम किया था. नारे लगाने से क्यों होगा. घर बैठकर खाना तो नहीं मिलेगा, काम तो करना पड़ेगा. 1947 से 2020 तक जो देश आया उसके लिए लोगों ने काम किया है. ये कौन-सी आजादी चाह रहे हैं. देश के लिए काम करिए, सिर्फ नारों से कुछ न होने वाला.

साथ ही इस वीडियो को शेयर करते हुए अनुपम खेर ने लिखा है कि आज़ाद भारत में अगर हमें किसी भी चीज़ से आज़ादी चाहिए तो उसके लिए हमें काम करना चाहिए, जो कि देश के करोड़ों युवा कर रहे हैं. अलग अलग फ़ील्डस में. देश को प्रगति की ओर ले जाने के लिए. नारों से जो आज़ादी प्राप्त करना चाहते हैं उनका देश के प्रति सिवाय नारों के और क्या योगदान है?

आपको बता दें कि इससे पहले अनुपम खेर ने एक और वीडियो शेयर किया, इस वीडियो में वो कहते नजर आ रहे हैं कि धन्य हैं मेरे देश के कुछ महानुभाव है. उन्हें 72 साल से ट्राफिक नियम समझ नहीं आ रहा है, खुले में शौच न करें ये सिखाने के लिए अरबों का विज्ञापन करना पड़ता है. तीन साल से जीएसटी समझ नहीं आ रही है, लेकिन नागरिकता संशोधन कानून वो दो दिन में ही समझ गए हैं.’ 

साथ ही अनुपम खेर ने इस वीडियो को लेकर एक कैप्शन भी लिखा है. जिसे शेयर करते हुए लिखा है कि, ‘कभी कभी कुछ लोगों को समझाना जरूरी कि जो वो समझ रहे है या समझने की एक्टिंग कर रहें या लोगों को समझाने की कोशिश कर रहे हैं, वह बिल्कुल गलत है. मेरा मतलब CAA और NRC से है. आप तो समझ गए ना! जय हो!’  वैसे बीते दिनों जनवरी में भी अनुपम का एक पुराना वीडियो काफी वायरल हुआ था जिसमें वह कश्मीरी हिंदुओं का दर्द सुनाते नजर आ रहे थे. इस वीडियो में वह काफी इमोशनल नजर आ रहे थे.